धमतरी में जमीन का खेल अब सिर्फ जमीन तक सीमित नहीं रहा…ये कहानी बन चुकी है सिस्टम की नाकामी, मिलीभगत और बेखौफ माफियाओं की…जहां खेत बिक रहे हैं…नियम बिक रहे हैं…और सवाल ये है — क्या जिम्मेदार भी बिक चुके हैं अवैध प्लॉटिंग का मामला अब सड़कों से निकलकर विधानसभा तक पहुंच चुका है…लेकिन कार्रवाई के नाम पर अब भी सिर्फ खामोशी है…
धमतरी में अवैध प्लॉटिंग का जाल तेजी से फैल रहा है…खेती की जमीनों को छोटे-छोटे प्लॉट में काटकर खुलेआम बेचा जा रहा है…कलेक्टर कार्यालय के आसपास…गुजराती कॉलोनी के पीछे हटकेशर वार्ड…रजिस्ट्री ऑफिस के बाजू…रुद्री रोड, करेठा खार, मुजगहन, श्यामतराई, बायपास और रायपुर रोड के संबलपुर इलाके तक…हर तरफ यही खेल…और हैरानी की बात — सबको पता है… लेकिन कार्रवाई कहीं नहीं…
मामला इतना बढ़ चुका है कि इसकी गूंज विधानसभा तक पहुंच गई…विपक्षी विधायकों ने सरकार को घेरा…जवाब नहीं मिला तो सदन से वॉकआउट तक कर दिया…धमतरी विधायक ओंकार साहू खुद सड़क पर उतरकर विरोध जताते नजर आए लेकिन इसके बावजूद प्रशासन की तरफ से कोई ठोस कार्रवाई नहीं…शनिवार को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के धमतरी दौरे की खबर क्या आई…प्रशासन अचानक हरकत में आ गया…हटकेशर इलाके में सड़क पर डाले गए मुरुम को जब्त कर कार्रवाई का दिखावा किया गया…लेकिन सवाल वही क्या ये कार्रवाई सिर्फ दिखावे के लिए थी ।अब जनता के बीच आक्रोश बढ़ता जा रहा है…लोगों का कहना है सब कुछ खुलेआम हो रहा है हर किसी को पता है…
लेकिन कार्रवाई कहीं नहीं…क्या माफियाओं को किसी का संरक्षण मिला हुआ है क्या राजनीतिक दबाव के चलते कार्रवाई रुकी हुई है धमतरी में जमीन का ये खेल…अब सिस्टम के लिए सबसे बड़ा सवाल बन चुका है…क्या जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई या फिर यूं ही चलता रहेगा ये गोरखधंधा !


